जब कलेक्टर ज्ञापन लेने नहीं आई तो की नारेबाजी
शिवपुरी। आज अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद शिवपुरी के कार्यकर्ता अनुसूचित जनजाति के छात्रों की समस्या को लेकर कलेक्टर को ज्ञापन देने पहुंचे, परंतु कलेक्टर ज्ञापन लेने नहीं आई जिस पर गुस्साए कार्यकर्ताओं ने तीन घंटे तक कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया और कलेक्टर के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। तीन घंटे तक धरना प्रदर्शन करने के बाद भी कलेक्टर ज्ञापन लेने नहीं आई। नगर मंत्री आदित्य पाठक ने मीडिया को बताया कि आज अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता जनजाति छात्रों की मांगो को लेकर कलेक्टर मिलकर ज्ञापन देने गए थे परंतु कलेक्टर महोदय के पास छात्रों की समस्याओं के लिए 5 मिनट तक का समय भी नहीं है अंत में विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने डिप्टी कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा।
आदित्य पाठक ने बताया कि वे अनुसूचित जनजाति छात्रों की कुछ मांगों को लेकर कलेक्टर को ज्ञापन देने पहुंचे थे जिसमें से प्रमुख मांग जनजाति छात्रों की छात्रवृत्ति बढ़ाने व छात्र आवास सहायता योजना की राशि शीघ्र छात्रों के खातों में जमा कराने की मांग कार्यकर्ता कर रहे थे। पाठक ने बताया कि साल दर साल सरकारी कर्मचारियों की वेतन वृद्धि होती है परंतु जनजाति छात्रों की छात्रवृत्ति में कोई बढ़ावा नहीं किया जाता है जबकि छात्रवृत्ति विद्यार्थियों को वर्ष में एक ही बार प्राप्त होती है फिर भी छात्रवृत्ति में वृद्धि नहीं होती है और ना ही छात्रवृत्ति विद्यार्थियों के खातों में समय पर जमा कराई जाती है। हम कलेक्टर महोदय के माध्यम से प्रदेश सरकार से यह मांग करते हैं कि जनजाति छात्रों की छात्रवृत्ति मैं मूल्य सूचकांक से जोड़ते हुए छात्रवृत्ति बढ़ाई जाए व छात्रावास के अधीक्षक को का स्थानांतरण अधिकतम 3 वर्ष के भीतर किया जाए जिससे छात्रावास में रहने वाले विद्यार्थियों को समस्याओं का सामना नहीं करना पड़े।
आदित्य पाठक ने बताया कि जनजाति छात्रों को समय पर स्टेशनरी नहीं दी जाती है व छात्रावास में रहने वाले छात्रों को भोजन मैन्यू के आधार पर नही दिया जाता है। छात्रों को भोजन में मैन्यू के आधार पर दिया जाए और उस मैन्यू को भी बढ़ाया जाए जिससे छात्रावास में रहने वाले अनुसूचित जनजाति व जाति के छात्रों को समस्याओं का सामना नहीं करना पड़ेगा और वे पूर्ण रूप से पढ़ाई पर ध्यान दे पाएंगे। वर्तमान सरकार के आने के बाद छात्र आवास योजना की राशि अभी तक छात्रों को प्रदान नहीं की गई है जो सरकार की नाकामी को दिखाता है। छात्रावासों में रहने वाले विद्यार्थियों की मूलभूत आवश्यकता जैसे पलंग तकिया कंबल पंखे बिजली व पानी की उचित व्यवस्था छात्रावासों में की जाए जिससे छात्रावास में रहने वाले विद्यार्थियों को समस्याओं का सामना नहीं करना पड़े। हमारी सभी मांगों को सात दिवस के भीतर पूरा किया जाए नहीं तो अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद उग्र आंदोलन करेगी और जिसकी पूरी जवाबदेही जिला प्रशासन व प्रदेश सरकार की होगी। प्रदर्शन के दौरान विद्यार्थी परिषद के विभाग संगठन मंत्री राकेश सहरिया, जिला संयोजक वेदांश सविता, मयंक राठौर, राहुल पड़रिया आदित्य पाठक, धर्मराज आदिवासी, राजकुमार आदिवासी, ऋषभ सेजवार ,अनुरंजन चतुर्वेदी, साहिल माथुर, विवेक धाकड़, विश्वनाथ सिंघल, प्रदुमन गोस्वामी, देवेश धानुक एवं आधा सैकड़ा से अधिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।







